संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में पांच नए सदस्य, वैश्विक शांति और नीति निर्माण में बढ़े योगदान!

संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में पाँच नए गैर‑स्थायी सदस्य देशों ने अपना कार्यकाल संभाल लिया है। यह पांच देश हैं – बहरीन, कोलंबिया, कांगो लोकतांत्रिक गणराज्य, लातविया और लाइबेरिया। इन देशों का चुनाव संयुक्त राष्ट्र महासभा में 3 जून 2025 को गुप्त मतदान के माध्यम से किया गया था। इन देशों का कार्यकाल 1 जनवरी 2026 से शुरू होकर 31 दिसंबर 2027 तक चलेगा।

संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद विश्व में शांति और सुरक्षा बनाए रखने वाली सबसे महत्वपूर्ण संस्था है। इसमें कुल 15 सदस्य होते हैं। पांच स्थायी सदस्य हैं – चीन, फ्रांस, रूस, यूनाइटेड किंगडम और संयुक्त राज्य अमेरिका, जिन्हें वीटो का अधिकार प्राप्त है। इसके अलावा 10 गैर‑स्थायी सदस्य होते हैं जिन्हें महासभा द्वारा दो साल के लिए चुना जाता है। इस बार चुने गए पांच नए देश इन गैर‑स्थायी सदस्यों में शामिल हुए हैं।

इन देशों ने संयुक्त राष्ट्र महासभा के 193 सदस्य राज्यों से भारी बहुमत के साथ दो‑तिहाई वोट प्राप्त कर यह सीटें जीती हैं। बहरीन ने अपनी कूटनीतिक सक्रियता और मध्य‑पूर्व में शांति प्रक्रियाओं में योगदान के कारण यह सीट जीती। कोलंबिया पहले भी कई बार सुरक्षा परिषद का हिस्सा रह चुका है और लैटिन अमेरिका का प्रतिनिधित्व करता है। डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो संघर्ष के बाद शांति निर्माण और सुरक्षा मामलों में अनुभव के साथ परिषद में भूमिका निभाएगा। लातविया के लिए यह पहला अवसर है जब उसने सुरक्षा परिषद में सीट हासिल की है और यह पूर्वी यूरोपीय समूह का प्रतिनिधित्व करेगा। लाइबेरिया अफ्रीका का प्रतिनिधित्व करता है और शांति और सुरक्षा मामलों में सक्रिय रहेगा।

इन पांचों देशों के शामिल होने के साथ, अब परिषद में 10 गैर‑स्थायी सदस्य सक्रिय हैं। पिछले वर्ष से कार्यरत डेनमार्क, ग्रीस, पाकिस्तान, पनामा और सोमालिया के साथ यह संयोजन वैश्विक हितों, भूराजनीति और शांति प्रयासों को अधिक समावेशी बनाता है।

गैर‑स्थायी सदस्य देशों की भूमिका महत्वपूर्ण होती है क्योंकि वे शांतिपूर्ण समाधान, संघर्ष निवारण, मानवीय सहायता, आतंकवाद विरोधी सहयोग और अंतरराष्ट्रीय कानून के समर्थन जैसे मुद्दों पर स्थायी सदस्यों के साथ मिलकर निर्णय लेते हैं। इस तरह ये देश वैश्विक नीति निर्माण और संकट प्रबंधन में महत्वपूर्ण योगदान देते हैं।

संक्षेप में, बहरीन, कोलंबिया, डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो, लातविया और लाइबेरिया अब संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के सक्रिय गैर‑स्थायी सदस्य हैं और 2026 से 2027 तक वैश्विक शांति और सुरक्षा नीतियों के निर्माण में अपनी भूमिका निभाएंगे।

Khabri Chai
Author: Khabri Chai

Khabri Chai news portal.

Advertisement Carousel
space for Adv.

यह भी देखें...