रायपुर। छत्तीसगढ़ में मानसून एक बार फिर सक्रिय होता नजर आ रहा है। मौसम विभाग ने प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में अगले कुछ दिनों तक हल्की से मध्यम बारिश का अनुमान जताया है। वहीं उत्तर छत्तीसगढ़ के कुछ इलाकों में अगले तीन दिनों के दौरान भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। इस दौरान कई स्थानों पर गरज-चमक के साथ वज्रपात की चेतावनी भी जारी की गई है।
उत्तर छत्तीसगढ़ में भारी बारिश का अलर्ट
मौसम विज्ञान केंद्र रायपुर के अनुसार, अगले तीन दिनों में उत्तर छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। इसके बाद भी अगले चार दिनों तक प्रदेश में मध्यम से भारी बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है।
प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। कुछ स्थानों पर भारी बारिश के साथ गरज-चमक और आकाशीय बिजली गिरने का खतरा भी बना रहेगा।
बंगाल की खाड़ी में बना निम्न दबाव क्षेत्र
मौसम में बदलाव की प्रमुख वजह उत्तर बंगाल की खाड़ी में पश्चिम बंगाल और बांग्लादेश तट के पास बना निम्न दबाव क्षेत्र है। इसके साथ चक्रवाती परिसंचरण भी सक्रिय है, जो समुद्र तल से करीब 7.6 किलोमीटर की ऊंचाई तक फैला हुआ है।
मौसम विभाग के अनुसार यह सिस्टम अगले कुछ समय में और मजबूत हो सकता है और उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ने की संभावना है। इसके प्रभाव से छत्तीसगढ़ में मानसून की गतिविधियां बढ़ सकती हैं।
इन इलाकों में हुई सबसे ज्यादा बारिश
पिछले 24 घंटों में उत्तर छत्तीसगढ़ के कई हिस्सों में अच्छी बारिश दर्ज की गई। ओड़गी, वाड्रफनगर और डौरा कोचली में सबसे ज्यादा 7-7 सेंटीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई।
इसके अलावा रघुनाथनगर, चलगली और कुसमी में 5-5 सेंटीमीटर, तमनार और चांदो में 4-4 सेंटीमीटर, जबकि अजगरबहार, मोहला और शंकरगढ़ में 3-3 सेंटीमीटर बारिश हुई।

रायपुर में भी बारिश के आसार
राजधानी रायपुर में 13 अगस्त को आसमान में बादल छाए रहने की संभावना है। शहर में एक-दो बार बारिश या गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। अधिकतम तापमान करीब 32 डिग्री और न्यूनतम तापमान करीब 26 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है।
12 अगस्त को रायपुर और दुर्ग में प्रदेश का सबसे अधिक अधिकतम तापमान 33.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि पेण्ड्रा रोड में सबसे कम न्यूनतम तापमान 22.4 डिग्री सेल्सियस रहा।
वज्रपात को लेकर सावधानी जरूरी
भारी बारिश के साथ कई इलाकों में आकाशीय बिजली गिरने का खतरा भी बना हुआ है। ऐसे में गरज-चमक के दौरान लोगों को खुले मैदान, पेड़, बिजली के खंभों और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूरी बनाए रखने की सलाह दी गई है।
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक अगले चार दिनों तक प्रदेश में मानसून सक्रिय रह सकता है। खासकर उत्तर छत्तीसगढ़ में अगले तीन दिन मौसम ज्यादा सक्रिय रहने की संभावना है।
Author: Khabri Chai
Khabri Chai news portal.




