जगदलपुर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन के अवसर पर जगदलपुर में आयोजित ‘आशीर्वाद का दीया’ कार्यक्रम को लेकर गुरुवार को राजनीतिक विवाद की स्थिति बन गई। दंतेश्वरी मंदिर से मिताली चौक तक दीप प्रज्ज्वलन की तैयारियों के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कार्यक्रम के लिए की गई बैरिकेडिंग और स्थानीय दुकानदारों को हो रही परेशानी का मुद्दा उठाते हुए विरोध दर्ज कराया।
बैरिकेडिंग को लेकर कांग्रेस ने जताई आपत्ति
कांग्रेस कार्यकर्ताओं का आरोप था कि कार्यक्रम के लिए लगाए गए बैरिकेड के कारण सड़क किनारे स्थित छोटी-बड़ी दुकानों तक लोगों की पहुंच प्रभावित हुई है। उनका कहना था कि इससे स्थानीय व्यापारियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
विरोध के दौरान भाजपा युवा मोर्चा के कार्यकर्ता और जगदलपुर महापौर संजय पांडे भी मौके पर पहुंचे। इसके बाद दोनों पक्षों के बीच पहले बहस हुई और कुछ ही देर में स्थिति धक्का-मुक्की तक पहुंच गई। विभिन्न मीडिया रिपोर्टों में मौके पर जूते-चप्पल चलने और सड़क पर सामान बिखरे होने की भी जानकारी सामने आई है।
पुलिस ने संभाला मोर्चा
विवाद बढ़ने की सूचना के बाद पुलिस बल मौके पर पहुंचा और कांग्रेस तथा भाजपा कार्यकर्ताओं को अलग किया। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करने की कोशिश की। इसके बावजूद कुछ समय तक मौके पर नारेबाजी और आरोप-प्रत्यारोप का दौर चलता रहा।
विजय शर्मा से भी हुई बहस
मामले के दौरान प्रदेश के गृहमंत्री विजय शर्मा के साथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं की बहस होने की जानकारी भी सामने आई है। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, दीपोत्सव के आयोजन स्थल और व्यवस्था को लेकर दोनों पक्षों के बीच तीखी बातचीत हुई।
सवा लाख दीये जलाने की तैयारी
रिपोर्टों के मुताबिक, ‘आशीर्वाद का दीया’ कार्यक्रम के तहत दंतेश्वरी मंदिर क्षेत्र और आसपास के हिस्से में बड़े स्तर पर दीप प्रज्ज्वलन की तैयारी की गई थी। कार्यक्रम के लिए सवा लाख दीये जलाने की योजना की भी जानकारी सामने आई है।
फिलहाल पुलिस ने मौके पर व्यवस्था संभाल ली है। घटना को लेकर दोनों राजनीतिक पक्षों की ओर से अलग-अलग दावे सामने आए हैं। विवाद के संबंध में पुलिस की आगे की कार्रवाई और आधिकारिक जानकारी आने के बाद स्थिति और स्पष्ट होगी।
Author: Khabri Chai
Khabri Chai news portal.






