रायगढ़। अदाणी पावर लिमिटेड की सामाजिक उत्तरदायित्व (CSR) इकाई अदाणी फाउंडेशन ने रायगढ़ जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में समग्र विकास की मिसाल पेश की है। शिक्षा, स्वास्थ्य, आजीविका, महिला सशक्तिकरण, कौशल विकास, पर्यावरण संरक्षण और आधारभूत सुविधाओं के क्षेत्र में किए गए कार्यों ने हजारों परिवारों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाया है। फाउंडेशन की पहलें अब केवल CSR गतिविधियां नहीं, बल्कि ग्रामीण विकास के एक सफल और स्थायी मॉडल के रूप में सामने आ रही हैं।
शिक्षा में तकनीक और गुणवत्ता का समावेश
अदाणी फाउंडेशन की ‘उत्थान परियोजना’ के तहत 34 शासकीय विद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और आधारभूत ढांचे को मजबूत किया गया है। 40 डिजिटल स्मार्ट क्लासरूम स्थापित किए गए हैं, जबकि 36 से अधिक विद्यालयों में स्मार्ट टीवी, डेस्क-बेंच, स्कूल बैग, स्टेशनरी, स्वेटर और अन्य शैक्षणिक सामग्री उपलब्ध कराई गई है। इस पहल से 5,000 से अधिक विद्यार्थियों को प्रत्यक्ष लाभ मिला है। वहीं 22 विद्यालयों में BALA (Building as Learning Aid) पेंटिंग के जरिए गतिविधि आधारित शिक्षण वातावरण तैयार किया गया है।
स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचीं गांव-गांव
ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करने के लिए दो मोबाइल हेल्थ केयर यूनिट के माध्यम से 48 गांवों में नियमित स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। अब तक एक लाख से अधिक ग्रामीण स्वास्थ्य शिविरों और चिकित्सा सेवाओं का लाभ उठा चुके हैं। नेत्र जांच शिविरों में 4,000 से अधिक लोगों की जांच हुई और 1,469 जरूरतमंदों को नि:शुल्क चश्मे वितरित किए गए। इसके अलावा 28 गांवों के करीब 23,500 ग्रामीणों के लिए 24×7 एम्बुलेंस सेवा भी संचालित की जा रही है।

महिलाओं को मिला आर्थिक आत्मनिर्भरता का संबल
महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में अदाणी फाउंडेशन की पहल उल्लेखनीय रही है। सिलाई प्रशिक्षण केंद्रों के माध्यम से 100 से अधिक महिलाओं को प्रशिक्षण दिया गया, जिनमें से 50 से अधिक महिलाएं स्कूल यूनिफॉर्म और अन्य परिधान तैयार कर 3.5 लाख रुपये से अधिक की आय अर्जित कर चुकी हैं। वहीं कृषि, मशरूम उत्पादन, टेराकोटा और ब्यूटी पार्लर जैसे व्यवसायों का प्रशिक्षण लेकर 300 से अधिक महिलाओं ने स्वरोजगार अपनाया और लाखों रुपये की अतिरिक्त आय अर्जित की।
युवाओं को रोजगार के अवसर
सुपा स्थित अदाणी स्किल डेवलपमेंट सेंटर (ASDC) के माध्यम से स्थानीय युवाओं को रोजगारोन्मुख प्रशिक्षण दिया जा रहा है। वर्तमान में 60 युवा विभिन्न व्यावसायिक पाठ्यक्रमों में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं और उन्हें 100 प्रतिशत प्लेसमेंट सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। साथ ही भू-प्रभावित युवाओं को नि:शुल्क आईटीआई प्रशिक्षण भी दिया जा रहा है।
ग्रामीण अधोसंरचना को मिली मजबूती
फाउंडेशन ने गांवों में 9.87 किलोमीटर सीसी सड़क, 10 सामुदायिक शेड और 745 मीटर आरसीसी नालियों का निर्माण कराया है। कई स्कूलों में आधुनिक शौचालय बनाए गए हैं, जिससे छात्र-छात्राओं को बेहतर सुविधाएं मिली हैं। साथ ही 10 आरओ जल शुद्धिकरण संयंत्रों के माध्यम से 5,000 से अधिक ग्रामीणों को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराया जा रहा है।

किसानों और पशुपालकों के लिए नई पहल
BAIF के सहयोग से 26 गांवों में पशुधन विकास कार्यक्रम चलाया जा रहा है। अब तक 9,250 से अधिक पशुओं का उपचार, 1,892 कृत्रिम गर्भाधान और 1,970 किसानों को प्रशिक्षण दिया जा चुका है। इससे पशुपालन आधारित आय में वृद्धि हो रही है।
पर्यावरण और जल संरक्षण पर विशेष फोकस
34 विद्यालयों में सोलर पैनल लगाए गए हैं, जबकि गांवों में सोलर स्ट्रीट लाइट और हाईमास्ट लाइट स्थापित की गई हैं। जल संरक्षण के तहत पांच तालाबों का गहरीकरण किया जा रहा है, जिससे 53,025 घन मीटर अतिरिक्त जल भंडारण क्षमता विकसित होगी और 105 एकड़ कृषि भूमि को सिंचाई सुविधा मिलेगी। वर्ष 2026-27 में 23,000 पौधे लगाने और 5,000 फलदार पौधों के वितरण का लक्ष्य रखा गया है।
शिक्षा और स्वास्थ्य को मिलेगा नया आयाम
रायगढ़ में अदाणी विद्या मंदिर और 40 बिस्तरों वाले आधुनिक मल्टी-स्पेशलिटी अस्पताल का भूमिपूजन किया जा चुका है। विद्यालय में कक्षा 1 से 12वीं तक नि:शुल्क गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराई जाएगी, जबकि अस्पताल ग्रामीणों को आधुनिक और सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करेगा।
खेल और आदिवासी बालिकाओं को नई उड़ान
वर्ष 2022 से संचालित कबड्डी प्रशिक्षण कार्यक्रम के तहत 200 से अधिक बालिकाओं को प्रशिक्षण दिया गया है। इनमें 34 खिलाड़ी राज्य स्तर और 4 खिलाड़ी राष्ट्रीय स्तर तक पहुंच चुकी हैं। वहीं जिला प्रशासन के सहयोग से 150 आदिवासी एवं वंचित वर्ग की बालिकाओं के तकनीकी प्रशिक्षण के लिए अगले पांच वर्षों में 1.75 करोड़ रुपये का CSR सहयोग भी दिया जा रहा है।

अदाणी पावर लिमिटेड और अदाणी फाउंडेशन का कहना है कि उनका उद्देश्य केवल विकास कार्य करना नहीं, बल्कि ग्रामीण समाज को आत्मनिर्भर, सक्षम और समृद्ध बनाना है। शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और आधारभूत सुविधाओं के क्षेत्र में यह मॉडल रायगढ़ के ग्रामीण अंचलों में समावेशी विकास की नई पहचान बनता जा रहा है।
Author: Khabri Chai
Khabri Chai news portal.





